मोहाली के सेक्टर 77 में कूड़ा डंपिंग के खिलाफ नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने लिया संज्ञान

अवैध रूप से डंपिंग ग्राउंड के रूप में इस्तेमाल की जा रही है गमाडा की जमीन

मोहाली : पंजाब जजेस एंड ऑफीसर्स रूरल कोऑपरेटिव हाउसिंग बिल्डिंग सोसायटी लिमिटेड सेक्टर 77 मोहाली द्वारा नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल की प्रिंसिपल बेंच, नई दिल्ली में एक मूल आवेदन दायर किया गया है, जिसमें सेक्टर 77 मोहाली स्थित जजेस एंड ऑफीसर्स एनक्लेव तथा गुरुद्वारा सिंह शहीदा के पास, खरड़ एयरपोर्ट रोड की सर्विस रोड से सटी खुली भूमि पर नगर निगम द्वारा किए जा रहे अवैज्ञानिक कूड़ा कचरा डंपिंग पर गंभीर आपत्ति उठाई गई है। याचिका में बताया गया है कि उक्त स्थान पर लंबे समय से नगर निगम का ठोस कचरा खुले में डाला जा रहा है, जिसमें कूड़े के ढेर बन गए हैं और कचरा सड़क तक फैल रहा है। इससे आसपास के निवासियों को दुर्गंध मच्छरों और मक्खियों आवारा पशुओं तथा गंभीर विश्वास जोखिमों का सामना करना पड़ रहा है। कूड़े के कारण रास्ता अवरुद्ध हो रहा है, जिससे समिति के निवासियों को अपने घरों तक पहुंचने में कठिनाई हो रही है।

याचिका में यह भी उल्लेख किया गया है कि यह भूमि ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (गमाडा) की है, जिसे अवैध रूप से डंपिंग ग्राउंड के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है, जो ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2016 का उल्लंघन है। याचिकाकरता द्वारा नगर निगम मोहाली गामड़ा तथा अन्य संबंधित अधिकारियों को कई बार शिकायतें दी गई। समाचार पत्रों में भी इस मुद्दे को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया, लेकिन इसके बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। परिणामस्वरुप स्थानीय नागरिकों को गंभीर स्वास्थ्य एवं पर्यावरणीय संकट का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले पर सुनवाई करते हुए नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल की प्रिंसिपल बेंच, नई दिल्ली ने 8 दिसंबर 2025 को याचिका को स्वीकार करते हुए प्रतिवादियों को नोटिस जारी किया है।

Advertisement

माननीय ट्रिब्यूनल ने माना कि संबंधित क्षेत्र में कूड़े के ढेर लगे होने तथा कचरे के सड़क तक फैलने से स्वास्थ्य संबंधी खतरे उत्पन्न हो रहे हैं। ट्रिब्यूनल ने सभी संबंधित पक्षों को अगली सुनवाई से पूर्व जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं और मामले की अगली सुनवाई 19 फरवरी 2026 को निर्धारित की है। याचिकाकरता सोसायटी ने आशा व्यक्त की है कि माननीय एनजीटी के हस्तक्षेप से क्षेत्र में अवैध कूड़ा डंपिंग पर शीघ्र रोक लगेगी। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों का सख्ती से नियमों का पालन कराया जाएगा तथा नागरिकों को स्वच्छ सुरक्षित और स्वस्थ स्वस्थ वातावरण उपलब्ध हो सकेगा। 

 

पढ़ने के लिए धन्यवाद

आपका समय और भरोसा हमारे लिए बहुत मायने रखता है। अगर यह खबर आपके लिए उपयोगी रही, तो हमसे जुड़े रहें — हर ज़रूरी खबर के लिए Newsam को फ़ॉलो करें।

Add a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
↑
Tap to Refresh